हरिद्वार आश्रम हत्याकांड का अंतिम आरोपी 50,000 के इनामी प्रदीप को पंजाब से किया गिरफ्तार
देहरादून। उत्तराखण्ड स्पेशल टास्क फोर्स (एसटीएफ) ने सक्रिय गैंग और इनामी अपराधियों के खिलाफ चल रहे अभियान में बड़ी सफलता हासिल की है। थाना कनखल, जनपद हरिद्वार में वर्ष 2024 में दर्ज हत्या के मामले में लंबे समय से फरार चल रहे ₹50,000 के इनामी अभियुक्त प्रदीप को एसटीएफ टीम ने चंडीगढ़ (पंजाब) से गिरफ्तार कर लिया है।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक, एसटीएफ की ओर से जारी प्रेस रिलीज के अनुसार, थाना कनखल क्षेत्र स्थित श्रद्धा भक्ति आश्रम में गुरुजी महंत गोविन्द दास के शिष्य विशम्बर दास (उम्र करीब 73 वर्ष) की हत्या कर दी गई थी। इस मामले में मु0अ0सं0 337/2024, धारा 302, 201, 120बी, 34 आईपीसी दर्ज की गई थी। कुल छह अभियुक्त प्रकाश में आए थे, जिनमें से चार को हरिद्वार पुलिस ने पहले ही गिरफ्तार कर लिया था। अभियुक्त सौरभ उर्फ नीटू को 20 सितंबर 2026 को एसटीएफ ने बागपत से पकड़ा था। प्रदीप लगातार फरार था। उसके खिलाफ घर की कुर्की की कार्रवाई भी की जा चुकी थी और गिरफ्तारी पर ₹50,000 का इनाम घोषित किया गया था।
एसटीएफ टीम ने प्रभावी पतारसी-सुरागरसी और मैनुअल पुलिसिंग के जरिए इनपुट विकसित किए। लंबे समय से फरार चल रहे प्रदीप पुत्र बृजपाल, निवासी ऊदपुर झिझाना, शामली (उत्तर प्रदेश), उम्र 30 वर्ष, को चंडीगढ़ से गिरफ्तार किया गया। पूछताछ में पता चला कि वह वर्तमान में पंजाब में छोटे हाथी गाड़ी में माल डिलीवरी का काम कर रहा था।
एसटीएफ की ओर से बताया गया कि वांछित और इनामी अपराधियों के खिलाफ कार्रवाई लगातार जारी है। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक, एसटीएफ ने सक्रिय गैंग/गैंगस्टरों और इनामी अपराधियों के खिलाफ प्रभावी कार्रवाई तथा गिरफ्तारी के लिए टीमों को निर्देशित किया हुआ है।
एसटीएफ टीम:
निरीक्षक अबुल कलाम, उ0नि0 नरोत्तम सिंह बिष्ट, अ0उ0नि0 हितेश कुमार, हे0का0 संजय कुमार, हे0का0 वीरेंद्र नौटियाल, हे0का0 बृजेन्द्र सिंह चौहान, का0 अनिल कुमार और का0 मोहन असवाल।

