
शिक्षकों व शोधकर्ताओं को 30 लाख की प्रोहत्साहन राशि से नवाजा गया
देहरादून 1 जून। उत्तरांचल विश्वविद्यालय में आज विशेष उत्साह व हर्षोउल्लास का माहौल देखने को मिला। पूरे कैंपस में नई उर्जा का सर्जन हो रहा था। अवसर था विश्वविद्यालय के फाउन्र्डस डे सेलिब्रेशन का। श्री जितेन्द्र जोशी जी के जन्म दिन के अवसर को प्रतिवर्ष फाउन्र्डस डे के रूप में मनाया जाता है। इस अवसर पर विश्वविद्यालय के स्वामी विवेकानन्द आडिटोरियम में एक कार्यक्रम का आयोजन किया गया जिसमें विश्वविद्यालय के उच्च अधिकारियों से लेकर निम्न कर्मचारियों तक सभी ने बडे उत्साह के साथ भागीदारी की।



विश्वविद्यालय के संस्थापक अध्यक्ष श्री जितेन्द्र जोशी के आगमन पर छात्रों का एक दस्ता उनका स्वागत व अगवानी करने विश्वविद्यालय गेट पर पहुँचा। छात्र अपने संस्थपक अध्यक्ष को गिटार की मधुर धुन व जन्मदिन गीतों के साथ उनके आफीस तक लाये। सड़क के दोनों ओर छात्र हाथों में फूल और जन्मदिन के संदेश लिये खडे थे। हर कोई अपने हाथ से फूल देने और सेल्फ़ी लेने को उतावला था। जोशी जी ने बडी आत्मीयता के साथ बच्चों का अभिवादन व बधाइयाँ स्वीकार की। भवन प्रवेश पर जोशी जी ने छात्रों के संग केक काट कर फाउन्र्डस डे का आगाज किया।
फाउन्र्डस डे के मुख्य कार्यक्रम में जोशी जी के पहुँचते ही खचाखच भरा औडिटोरियम तालियों की गडगडहाट व जन्म दिन के गीतों से गूंज उठा। विश्वविद्यालय के प्रत्येक विभागाध्यक्षों ने अपने-अपने विभागों की ओर से मंच पर आकर जोशी जी का स्वागत किया और उन्हे जन्म दिन की सुभकामनाए दी। इस अवसर पर प्रस्तुत डा. अनिल दिक्षित द्वारा रचित स्वागत गीत भी बडे आक्रषण का केन्द्र रहा।
जोशी जी द्वारा विश्वविद्यालय की संचालक समिति की उपाध्यक्षा श्रीमति अनुराधा जोशी, विश्वविद्यालय की अध्यक्षा सुश्री अंकिता जोशी, कुलपति प्रो. धर्म बुद्धि, उपकुलपति प्रो. राजेश बहुगुणा, कार्यकारी निदेशक डा. अभिषेक जोशी, प्रोजेक्ट मनेजर जगदिश जोशी व रजिस्ट्रार डा. अनुज राणा संग केक काटकर फाउन्र्डस डे मनाया। इस दौरान पूरा ओडिटोरियम तालियों और जन्म दिन गीतों में झूमता रहा।
संस्थापक दिवस को अर्थपूर्ण बनाते हुए जोशी जी द्वारा विश्वविद्यालय के शिक्षकों व शोधर्कताओं में 30 लाख रूपये की प्रोहत्साहन राशि का वितरण किया। उन्होने कहा कि उनकी परिकल्पना को साकार करने व विश्वविद्यालय के क्रमबद्ध भवनों को सच्चे अर्थो में शिक्षा का मन्दिर बनाने का श्रेय निसन्देह रूप से यहाँ के शिक्षकों, शौधकर्ताओं और समर्पित कर्मचारियों को जाता है। देश के प्रत्येक राज्य व केन्द्र शासित प्रदेशों व विश्व के 27 से ज्यदा देशों के 30 हजार से ज्यादा छात्रों ने उत्तरांचल विश्वविद्यालय को आॅन लाईन तथा आॅफ लाईन शिक्षा के लिए चुना है। उन्होने सभी छात्राओं को फाउन्र्डस डे की बधाइयाँ दी। वहीं दूसरी ओर उन्होने विश्वविद्यालय को समर्पित हर व्यक्ति की उपस्थिति को सराहा और अपने संस्थापक भाषण का विशेष अंग बनाया।
र्कायक्रम को विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. धर्म बुद्धि व उपकुलपति प्रो. राजेश बहुगुणा ने भी सम्बोधित किया और विश्वविद्यालय के समस्त डिन, डायरेक्ट्रस, प्राचार्य, विभागाध्यक्ष, शिक्षक, अधिकारी व कर्मचारी इसके गवाह बने।
