एन मैरी स्कूल में धूमधाम से मना वार्षिकोत्सव-2026:
रंगारंग सांस्कृतिक प्रस्तुतियों के बीच एन मैरी स्कूल का वार्षिकोत्सव संपन्न
एन मैरी स्कूल के वार्षिकोत्सव में विद्यार्थियों ने बिखेरी प्रतिभा की चमक


दो दिवसीय समारोह में संस्कृति और देशभक्ति का अनूठा संगम: ‘80 मिनट में विश्व भ्रमण’ एवं ‘आजादी का अमृत महोत्सव’
देहरादून, 5 नवंबर, 2026: एन मैरी स्कूल में वार्षिकोत्सव 2026 का आयोजन दो दिनों तक अत्यंत उत्साह, उमंग और भव्यता के साथ किया गया। इस अवसर पर दो अलग-अलग विषयों पर आधारित सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किए गए, जिनमें ‘80 मिनट में विश्व भ्रमण’ तथा ‘आजादी का अमृत महोत्सव: भारत की स्वतंत्रता के 80 गौरवशाली वर्षों का उत्सव’ शामिल रहे। संगीत, नृत्य एवं नाट्य प्रस्तुतियों के माध्यम से विद्यार्थियों ने सांस्कृतिक विविधता और स्वतंत्रता के बाद भारत की उल्लेखनीय विकास यात्रा का जीवंत चित्रण किया।
समारोह के प्रथम दिवस पर विद्यालय के सचिव श्री जितेंद्र जोशी मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। विद्यालय की चेयरपर्सन श्रीमती अनुराधा जोशी एवं निदेशक सुश्री अंकिता जोशी दोनों ही दिनों में समारोह में उपस्थित रहीं।
विद्यालय की प्रधानाचार्या श्रीमती पल्लवी गुप्ता ने शैक्षणिक सत्र 2025–26 की वार्षिक रिपोर्ट प्रस्तुत की। उन्होंने वर्षभर में विद्यालय द्वारा हासिल की गई उपलब्धियों एवं महत्वपूर्ण पड़ावों पर प्रकाश डाला। यह वर्ष विद्यालय के लिए विशेष रहा, क्योंकि इसी दौरान युवा मस्तिष्कों को शिक्षित, सशक्त एवं उत्कृष्ट बनाने के 40 गौरवशाली वर्षों की यात्रा पूरी हुई। इस अवसर का एक विशेष आकर्षण 6वें टॉपर्स कॉन्क्लेव में विद्यालय को प्रदान किया गया ‘डिस्टिंग्विश्ड बेस्ट स्कूल अवॉर्ड 2026’ रहा।
अपने संबोधन में विद्यालय की निदेशक सुश्री अंकिता जोशी ने शिक्षा के प्रति विद्यालय के समग्र दृष्टिकोण पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों को शैक्षणिक रूप से उत्कृष्ट बनाने के साथ-साथ उनमें आत्मविश्वास, रचनात्मकता, नैतिक मूल्यों एवं जीवनोपयोगी कौशलों का विकास करना भी अत्यंत आवश्यक है।
समारोह के दौरान आईसीएसई एवं आईएससी बोर्ड परीक्षाओं के टॉपर्स और उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों को भी सम्मानित किया गया। दोनों ही परीक्षाओं में विद्यालय का परीक्षा परिणाम शत-प्रतिशत रहा तथा 100 से अधिक विद्यार्थियों ने 90 प्रतिशत से अधिक अंक प्राप्त किए। यह शानदार उपलब्धि विद्यार्थियों एवं शिक्षकों के समर्पण, कड़ी मेहनत और अभिभावकों के निरंतर सहयोग का परिणाम है।
सांस्कृतिक कार्यक्रमों की सभी प्रस्तुतियाँ विद्यालय के विद्यार्थियों एवं शिक्षकों द्वारा स्वयं तैयार की गई थीं, जिनमें विद्यार्थियों की प्रतिभा, रचनात्मकता और कला का शानदार प्रदर्शन देखने को मिला। प्रत्येक प्रस्तुति में विद्यार्थियों का आत्मविश्वास एवं समर्पण स्पष्ट रूप से दिखाई दिया। इन कार्यक्रमों को सफलतापूर्वक साकार करने में शिक्षक मार्गदर्शकों की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
दोनों दिवसों के समारोह का समापन संबंधित हेड बॉय एवं हेड गर्ल द्वारा प्रस्तुत धन्यवाद ज्ञापन के साथ हुआ।
दो दिवसीय यह भव्य आयोजन विद्यालय की परिकल्पना ‘जहाँ परंपरा का मिलन नवाचार से होता है’ तथा विद्यालय के आदर्श वाक्य ‘शांति के साथ जियो, सीखो और खेलो’ को खूबसूरती से प्रतिबिंबित करता नजर आया।

