देहरादून: सीआईएमएस कॉलेज में सूक्ष्मजीव विज्ञान पर विशेष कार्यक्रम आयोजित

देहरादून स्थित सीआईएमएस कॉलेज के माइक्रोबायोलॉजी विभाग द्वारा अन्तर्राष्ट्रीय सूक्ष्म जीव दिवस धूमधाम से मनाया गया। इस अवसर पर सीआईएमएस एंड यूआईएचएमटी ग्रुप ऑफ कॉलेज के चेयरमैन एडवोकेट ललित मोहन जोशी मुख्य अतिथि के तौर पर शामिल हुए, जबकि कार्यक्रम में माइक्रोबॉयोलॉजिस्ट डॉ. डिंपल रैना मुख्य वक्ता के रूप में उपस्थित रहीं।

मुख्य अतिथि एडवोकेट ललित मोहन जोशी ने कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा, सूक्ष्मजीव विज्ञान चिकित्सा, शोध और समाज के स्वास्थ्य संरक्षण में महत्वपूर्ण योगदान दे रहा है। इस तरह के आयोजन न केवल छात्रों के ज्ञान को बढ़ाते हैं बल्कि उन्हें भविष्य के वैज्ञानिक और शोधकर्ता बनने के लिए प्रेरित भी करते हैं। उन्होंने कहा हमारा संस्थान हमेशा गुणवत्तापूर्ण शिक्षा और नवाचार को बढ़ावा देने के लिए प्रतिबद्ध है।
वहीं मुख्य वक्ता डॉ. डिंपल रैना ने आधुनिक चिकित्सा विज्ञान, रोग नियंत्रण और सार्वजनिक स्वास्थ्य में सूक्ष्मजीव विज्ञान के महत्त्व पर विस्तार से प्रकाश डाला। उनका सत्र बीएमएम और बीएमएलटी के विद्यार्थियों के लिए अत्यंत प्रेरणादायक और शिक्षाप्रद रहा तथा उन्होंने छात्रों को इस सतत विकसित होते क्षेत्र में गहराई से अध्ययन करने के लिए प्रोत्साहित किया।
पैरामेडिकल विभागाध्यक्ष स्वाति शर्मा ने अन्तर्राष्ट्रीय सूक्ष्म जीव दिवस के महत्व व इसके मनाए जाने के कारणों पर प्रकाश डालते हुए कहा कि रोगाणु रोजमर्रा की ज़िंदगी का एक अनिवार्य हिस्सा हैं। स्वास्थ्य से लेकर पर्यावरण तक रोगाणुओं की भूमिका होती है। अन्तर्राष्ट्रीय सूक्ष्म जीव दिवस दुनिया भर के सूक्ष्म जीव प्रेमियों को उनके जुनून और ज्ञान साझा करने के लिए मंच प्रदान करता है।
इस मौके पर माइक्रोबायोलॉजी विभाग के विद्यार्थियों ने सूक्ष्म जीवों पर पोस्टर, प्रश्नोत्तरी, नाटक, नृत्य और कोरोना पर स्किट जैसी कई प्रस्तुतियाँ दीं। पूरे कार्यक्रम में वैज्ञानिक जिज्ञासा, ज्ञानवर्धन और उत्साह का माहौल देखने को मिला।
कार्यक्रम में सीआईएमएस एंड यूआईएचएमटी ग्रुप ऑफ कॉलेज के मैनेजिंग डायरेक्टर संजय जोशी, उत्तराखण्ड डिफेंस एकेडमी के डायरेक्टर (रिटा.) मेजर ललित सामंत, प्रशासनिक अधिकारी कर्नल जो. एस. नेगी, सीआईएमएस कॉलेज ऑफ पैरामेडिकल के प्रधानाचार्य डॉ. आर. एन. सिंह, सीआईएमएस कॉलेज ऑफ नर्सिंग की प्रधानाचार्या चेतना गौतम, माइक्रोबॉयोलॉजी विभागाध्यक्ष डॉ. प्रेरणा बड़ोनी, डॉ. मेघा पंत, खुशी सब्बरवाल आदि शिक्षक एवं कर्मचारीगण सहित 300 से अधिक छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे।

