
हताशा के चलते पुलिस कार्यालय मे प्रदर्शन लोकतांत्रिक व्यवस्था का मखौल
*देहरादून:* भाजपा प्रदेश मीडिया प्रभारी श्री मनवीर सिंह चौहान ने कहा कि कांग्रेस हाल ही मे उनके राष्ट्रीय अध्यक्ष खड़गे के फ्लॉप दौरे पर इतराने के बजाय वास्तविकता को स्वीकार करने को तैयार नही है और खीज मिटाने के लिए भाजपा और सुरक्षा एजेंसियों को निशाने पर ले रही है। हकीकत यह है कि वह जनता का विश्वास खो चुकी है और पाश्चाताप ही उसके पास आखिरी विकल्प है।
उन्होंने कहा कि लम्बे अंतराल से अज्ञातवास भोग रही कांग्रेस को जनता द्वारा सत्ता से बाहर रखा गया और वह राजनीतिक हताशा अब कानून-व्यवस्था के अधिकारियों पर गुस्सा उतारने तक पहुंच गई है। कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष गणेश गोदियाल और नेता प्रतिपक्ष यशपाल आर्य का पुलिस कार्यालय में प्रदर्शन के दौरान व्यवहार और आपत्तिजनक भाषा लोकतांत्रिक मर्यादाओं पर गंभीर सवाल खड़े करता है।
उन्होंने कहा कि सरकारी कार्यालयों को राजनीतिक शक्ति प्रदर्शन का अखाड़ा बनाना कांग्रेस की नई राजनीतिक संस्कृति बन गई है। कांग्रेस नेताओं को पहले यह तय करना चाहिए कि विरोध लोकतांत्रिक तरीके से या अधिकारियों पर दबाव बनाकर करना है। खड़गे की रैली और कांग्रेस की बैठक पर कटाक्ष करते हुए चौहान ने कहा कि कांग्रेस जनता में विश्वास की बात करने से पहले अपने नेताओं का विश्वास हासिल करे।
खड़गे की रैली से पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत और चुनाव प्रचार संचालन समिति के अध्यक्ष प्रीतम सिंह की दूरी तथा कार्यसमिति की बैठक से स्थानीय विधायक तिलक राज बेहड़ की गैरमौजूदगी कांग्रेस की अंदरूनी खींचतान को उजागर करती है।
उन्होंने कहा कि पहले कांग्रेस अपने नेताओं के बीच आपसी समझ बैठाए, जरूरत हो तो अपने ही वरिष्ठ नेताओं से आशीर्वाद ले, फिर जनता के बीच जाने का दावा करे। उत्तराखंड की जनता भीड़ और नारों से नहीं, काम और सुशासन से प्रभावित होती है। जनता कांग्रेस के इस दिखावे की नौटंकी को बेहतर जानती है और उसके झांसे मे नही आने वाली है।
मनवीर सिंह चौहान
प्रदेश मीडिया प्रभारी
भाजपा उत्तराखंड
