पूर्व छात्राओं को समर्पित
देहरादून, 9 मार्च।
उत्तरांचल विश्वविद्यालय के लॉ कॉलेज, देहरादून में आज कॉलेज की पूर्व छात्रा एवं नैनीताल हाईकोर्ट की अधिवक्ता स्निग्धा तिवारी को एलुमनाई टॉक सीरीज़ 2026 में मुख्य वक्ता के रूप में आमंत्रित किया गया।




ज्ञात हो कि स्निग्धा तिवारी एसिड अटैक सर्वाइवर से संबंधित गुलनाज खान बनाम उत्तराखंड राज्य व अन्य मामले में अधिवक्ता रहीं। इस मामले में माननीय नैनीताल हाईकोर्ट द्वारा सर्वाधिक 38 लाख रुपये के मुआवजे का आदेश पारित किया गया, जो पूरे देश के लिए एक महत्वपूर्ण नज़ीर बना।
कार्यक्रम का आयोजन कॉलेज की महिला सेल द्वारा अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस को सार्थक बनाने के उद्देश्य से किया गया। वार्ता का विषय था —
“अधिकार से वास्तविकता तक: महिलाओं के न्याय के अधिकार में कानूनी अंतर पाटना”।
अपने संबोधन में स्निग्धा तिवारी ने कानूनी सुरक्षा के बावजूद महिलाओं, विशेषकर एसिड अटैक सर्वाइवर को न्याय तक पहुंचने में आने वाली चुनौतियों पर जागरूकता बढ़ाई। उन्होंने महिलाओं के अधिकारों से जुड़े कानूनी ढांचे, पीड़ितों को न्याय दिलाने में आने वाली कठिनाइयों तथा कानून और सहायता तंत्र के प्रभावी क्रियान्वयन की आवश्यकता पर अपने विचार साझा किए।
उन्होंने वास्तविक जीवन के अनुभवों और कानूनी समझ के माध्यम से यह भी बताया कि एसिड सर्वाइवर के लिए सम्मान और न्याय सुनिश्चित करने में सहानुभूति, कानूनी जागरूकता और संस्थागत सहयोग कितना महत्वपूर्ण है। कार्यक्रम के अंत में प्रश्न-उत्तर सत्र भी आयोजित किया गया।
इस अवसर पर विश्वविद्यालय के कुलपति प्रोफेसर राजेश बहुगुणा, महिला सेल की अध्यक्ष प्रोफेसर भुवनेश्वरी तथा प्रियदर्शिनी तिवारी सहित बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे।
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